बेरोजगार युवाओं के लिए सपना साबित हो रहीं स्वरोजगार योजनाएं
जबलपुर, 12 दिसंबर। स्वरोजगार योजनाएं किसी पढ़े-लिखे युवा के लिए सुनहरे सपने जैसी साबित हो रहीं है, उसके पास ज्ञान है, नई सोच और नई उमंग तो है अगर नहीं है तो बैंकों को देने के लिए गारंटी क्योेंकि वह बेरोजगार है। कहने को तो हमारी सरकारें इन योजनाओं की शुरूआत बेरोजगारों के लिए करतीं है लेकिन जब बात आती है बैंक की शर्तों को पूरी करने की तो किसी भी बेरोजगार के लिए यह असंभव जैसा है। हाल ही में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने एक खबरिया चैनल में साक्षात्कार देते वक्त बेराजगारी पर उठे सवाल के जवाब में इन्हीं योजनाओं का हवाला देते हुए बताया कि कैसे एक बेरोजगार लोन लेता है और दो को नौकरी देता है। लेकिन हकीकत यह है कि प्रक्रिया जटिल होने की वजह से जिस बेरोजगार को लोन मिलना चाहिए उसे नहीं मिल रहा।
गौरतलब है कि स्वरोजगार योजनाओं में शिक्षित बेरोजगार युवक्तियों को मध्य प्रदेश शासन की P.M.E.G.P व उधम क्रांति स्वरोजगार योजना से लोन लेकर अपना खुद का व्यवसाय स्थापित करने से वंचित है युवा बेरोजगार युवा उद्यमी योजना में ज्यादा रुचि नहीं दिख रहे हैं एमपी ऑनलाइन के पोर्टल से आवेदक के मूल प्रमाण पत्र व प्रोजेक्ट रिपोर्ट देखकर आवेदन जमा कर बैंक को तो भेज देते हैं लेकिन बैंकों द्वारा युवा बेरोजगारों को इतनी जटिल प्रक्रिया से गुजरना पड़ता है कि कागजी कार्रवाई करने में युवाओं को थक हार कर लोन लेने की उम्मीद छोड़ना पड़ती है बैंकों की कर प्रणाली बेरोजगारों के प्रति सकारात्मक नहीं है ऋण देने में आनाकानी करते हैं बैंकों से 10 लाख का लोन मांगो तो ₹100000 का लोन देने की बात करते हैं धनवंतरी नगर निवासी प्रदीप बर्मन ने इलेक्ट्रॉनिक आइटम हेतु 10 लाख का आवेदन उद्यम क्रांति योजना के तहत जमा किया था पांच माह से बैंक के चक्कर काट रहा है पर बैंक कार्रवाई नहीं कर रहा बरगी हिल्स निवासी गायत्री कुशवाह B.A पास शिक्षित बेरोजगार महिला है उधम क्रांति योजना के तहत रेडीमेड गारमेंट सेतु लोन आवेदन जमा किया था बैंक द्वारा मात्र ₹100000 लख रुपए का लोन दे रहा है इतने कम पैसों में बेरोजगार युवक युवती कैसे व्यवसाय स्थापित करेंगे जिला कलेक्टर व जिला व्यापार उद्योग केंद्र में बैंकों की शिकायत करते हैं आवेदक पर शिकायत पर भी अधिकारी सहयोग नहीं करते जिला उद्योग केंद्र महा प्रबंधक विनीत रजक से जानकारी लेने पर कहा गया कि अगर बैंकों से परेशान होने पर हमारे पास शिकायत आती है तो हम कार्यवाही करते हैं।