CAA – देश की तरक्की के लिए जरूरी- मुस्लिम राष्ट्रीय मंच

नई दिल्ली, 12 मार्च। मोदी सरकार ने बीते सोमवार 11 मार्च 2024 को देशभर में CAA नागरिकता संशोधन कानून लागू करने का नोटिफिकेशन जारी कर दिया। CAA लागू होने के महज चंद घंटों बाद ही राजनीतिक दलों और तरह-तरह के संगठनों की ओर से प्रतिक्रिया सामने आने लगीं। इनमें कुछ नागरिकता संशोधन कानून के पक्ष में हैं तो अनेक इसके विरोध में भी हैं।
वहीं दूसरी ओर CAA लागू होने के 24 घंटों के भीतर ही मुस्लिम राष्ट्रीय मंच के राष्ट्रीय संयोजक मो. अफजल कहा कि सीएए लोगों को नागरिकता देता है, छीनता नहीं है। राष्ट्रीय प्रवक्ता शाहिद सईद ने अपने बयान में कहा कि नागरिकता संशोधन कानून पहले से ही कई देशों में लागू है। यह कानून देश की तरक्की के लिए जरूरी है।
शाहिद सईद ने बताया कि पिछले साल मुख्य संरक्षक इंद्रेश कुमार की अध्यक्षता में 6 जून से 10 जून तक भोपाल में हुए चार दिवसीय कार्यशाला में मंच ने 11 मुद्दों पर ध्वनिमत से प्रस्ताव पारित किया था, जिनमें समान नागरिक संहिता (UCC- यूनिफॉर्म सिविल कोड) और नागरिक संशोधन कानून (CAA – सिटिजनशिप अमेंडमेंड एक्ट) भी शामिल था।
राष्ट्रीय संयोजक मोहम्मद अफजाल ने बताया कि भोपाल कार्यशाला जिसमें मंच के एक हजार से अधिक बुद्धिजीवी, कार्यकर्ता तथा विभिन्न अधिकारियों ने शिरकत की थी, उसमें सर्वसम्मति से फैसला लिया गया था कि देश के हर मुसलमान को इसका स्वागत करना चाहिए। उन्होंने कहा कि CAA लागू होने से मुसलमान कतई नहीं घबराएं, यह कानून इज्जत और अधिकार देता है।