एक तरफ हेलीकाप्टर से पुष्प वर्षा हो रही, दूसरी तरफ छोटे कर्मचारियो को वेतन के लाले

*जिला पंचायत सीईओ की यह कैसी लापरवाही?*

नरसिंहपुर-
*महीनों से जनपद सीईओ सहित पंचायत सचिवो को वेतन के लाले पड़े और उनके मुखिया को इस बात की भनक तक नहीं*

मुसीबत के समय जब किसी परिवार का मुखिया अपने ही परिवार के सदस्यों का ख्याल ना रखे तो उनका मनोबल गिरना लाज़मी है। ऐसे समय में जब देश में सभी जी जान से एक दूसरे की समस्याओं को सुलझाने का प्रयास कर रहे हैं और कोरोना जैसी महामारी से जंग लड़ रहे हैं.

तब ऐसे में छोटे कर्मचारियों को भारी आर्थिक परेशानी से गुजरना पड़ रहा है जिनकी सुध लेने वाला कोई नहीं है सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार पंचायत सचिवों सहित जनपद सीईओ का वेतन महीनों से नहीं हुआ।

अब आप बताइए इस महा संकट के समय छोटे कर्मचारियों का महीनों तक वेतन न मिल पाना कहां तक उचित है उनका परिवार केवल उनके वेतन पर ही निर्भर रहता है, वरिष्ठ अधिकारियों को कहीं ना कहीं अपने अधीनस्थ कर्मचारियों का भी ध्यान रखना चाहिए जिससे उनका मनोबल बढ़े।

इस संबंध में जब हमने जिला पंचायत सीईओ कमलेश भार्गव से बात की और कहा कि पंचायत सचिवों का वेतन नहीं हो पा रहा है, तो पहले तो उन्होंने कहा कि हो रहा है लेकिन जब कहा कि नहीं हो रहा है सर, तो उनके द्वारा मामले को दिखवाने की बात कही गई। मतलब स्पष्ट है कि जिला पंचायत सीईओ को यह जानकारी नहीं है कि उनके सचिव और अधीनस्थ कर्मचारियों का महीनों से वेतन नहीं हुआ है अब आप बताइए इस तरह क्या छोटे कर्मचारियों का मनोबल बढ़ेगा।

सचिव जिसके ऊपर पूरे पंचायत की जिम्मेदारी होती है और उसे गांव का कलेक्टर भी कहा जाता है जब उसकी ही समुचित व्यवस्था नहीं की जाएगी तो वह अन्य लोगों की व्यवस्था किस तरह कर पाएगा कहीं ना कहीं हमें ऐसे कर्मचारियों का मनोबल बढ़ाना चाहिए।

खबर लगने के बाद हम आशा करते हैं कि पंचायत कर्मियों का वेतन जल्द से जल्द उन्हें मिले धन्यवाद