करोड़ों का मॉल वैद्य या अवैध ? क्या हो पाएगी कार्रवाई।

करोडों के सीताराम की हुई शिकायत।

यूं तो मुख्यमंत्री कमलनाथ ने बड़े भूमाफिया और अतिक्रमणकारियों पर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं पर अधिकारियों को कार्रवाई के लिए केवल गरीब और असहाय लोग ही दिखते हैं हम बात कर रहे हैं नरसिंहपुर जिले की करेली तहसील की जहां करोड़ों के मॉल के निर्माण पर बड़ा सवाल खड़ा हो रहा है

शिकायतकर्ता अनुराग कौरव ने बताया कि करेली में बने करोडों के इस माॅल के संचालकों के पास ना तो टाऊन एंड कंट्री प्लानिंग जबलपुर की परमिशन है, ना ही प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की स्वीकृति और ना ही नगरपालिका में जरूरी दस्तावेज फिर कैसे इतना बड़ा माॅल तैयार हो गया करेली निवासी अनुराग कौरव ने एसडीएम कलेक्टर और भोपाल के अधिकारियों को शिकायत की है की करेली स्थित सीताराम मॉल जिसमें मैंने अपने जीवन भर की पूंजी लगाकर दुकान खरीदी थी और यह सोचकर खरीदी थी कि जो नक्शा मुझे बताया गया है उस नक्शे के अनुसार मेरी दुकान चलेगी लेकिन सीताराम मॉल में अवैध तरीके से नया निर्माण किया जाने लगा और मेरी दुकान के सामने बिजली के खंभे और डीपी लगवा दी गई जिससे मुझे काफी परेशानी का सामना करना पड रहा है ।

जब मैंने सीताराम मॉल का ऑनलाइन नक्शा चाहा गया तो वह आनलाइन उपलब्ध नहीं हो पा रहा है जिससे कि हमें दुकान पर लोन मिल सके इसकी शिकायत मैंने की है।

शिकायतकर्ता ने बताया कि यह मॉल अवैध रूप से बना हुआ है जिस पर कार्रवाई होनी चाहिए जिले के एक आरटीआई कार्यकर्ता ने बताया कि हमें जब हमने इस मॉल की नगर पालिका करेली से जानकारी चाही गई तो उसमें बहुत से दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराए और कहा गया कि वे दस्तावेज हमारे पास उपलब्ध नहीं है जैसे कि मॉल निर्माण का नक्शा, आरटीआई कार्यकर्ता ने मांगा तो उसे वह उपलब्ध नहीं कराया गया भवन स्वीकृति में कर्मकार कल्याण मंडल में जमा की गई राशि की जानकारी मांगी गई तो वह भी उसे उपलब्ध नहीं कराई गई और एक बात मध्य प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड में इसकी स्वीकृति के दस्तावेज भी नहीं दिखाए गए शिकायतकर्ता का कहना है कि करोड़ों का सीताराम मॉल अवैध तरीके से बना हुआ है इसकी जांच होनी चाहिए और इस पर कार्रवाई होनी चाहिए।

इसकी जानकारी जिले के आला अधिकारियों को भी है अब देखना है कि सीताराम मॉल पर कार्रवाई हो पाती है या नहीं