दिल्ली के लोगों पर पड़ी मंहगाई और कोरोना की दोहरी मार!

नई दिल्ली, 5 मई। दिल्ली सरकार ने पेट्रोलियम पदार्थों यानि डीजल और पेट्रोल के दामों पर वैट की दर में भारी बढ़ोत्तरी कर दी है। इससे दिल्ली में रहने वाले लोगों पर मंहगाई की भारी मार पड़ी है। इधर शराब पर 70 फीसदी का कोरोना कर लगा दिया है। केजरीवाल सरकार के इस कदम पर विशेष रूप से डीजल और पेट्रोल पर वैट का अतिरिक्त कर लगाने का विपक्षी दल विरोध कर रहे हैं। पेट्रोल पर वैट 27 पर्सेंट से बढ़ाकर 30 पर्सेंट कर दिया गया है। डीजल पर वैट में लगभग दोगुनी बढ़ोतरी की गई है। दिल्‍ली में डीजल पर वैट अब 16.75% के बजाय 30% होगा। केजरीवाल सरकार के इस कदम से पेट्रोल के दाम 1.67 रुपये और डीजल के दाम 7.10 रुपये बढ़ जाएंगे।
गौरतलब है कि केजरीवाल सरकार के इस कदम की भारतीय जनता पार्टी से सांसद गौतम गंभीर ने दिल्ली की आम आदमी पार्टी पर निशाना साधा है। उन्होंने केजरीवाल सरकार के पिछले बयानों का जिक्र करते हुए कहा कि पहले कहा था कि सरकार के पास पैसों की कमी नहीं है, लेकिन अब पैसों की पूर्ति के लिए टैक्स बढ़ा दिया गया है। गौतम गंभीर ने आप सरकार के फैसलों पर सवाल खड़े करते हुए ट्वीट किया, ‘चुनाव से पहले कहा कि सब कुछ मुफ़्त में देंगे, पैसे की कमी नहीं है। अब 2 महीने बाद कहा दोगुना टैक्स लेंगे, तनख़्वाह देने के भी पैसे नहीं है।’ आगे लिखा गया कि “आप” का बेजोड़ अर्थशास्त्र!
लॉकडाउन की वजह से दिल्‍ली सरकार का खजाना लगभग खाली हो चुका है। अरविंद केजरीवाल सरकार अपने खजाने को भरने के नए तरीके खोज रही है। एडिशनल टैक्‍सेज और सेस के जरिए अपना खर्च चलाने और जरूरी योजनाओं और प्रोजेक्‍ट्स को जारी रखने की कोशिश है। सरकार ने हर तरह की शराब पर 70 प्रतिशत स्‍पेशल कोरोना फीस लगा दी है। मंगलवार को दिल्‍ली सरकार ने पेट्रोल-डीजल पर वैल्‍यु ऐडेड टैक्‍स (VAT) भी बढ़ा दिया।